डूंगरपुर। जिले में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के पद के साथ पिछले कुछ समय से सरकार जिस तरह फुटबॉल की तरह खेल रही है, ऐसी परिस्थिति को देखते हुए समस्त जनप्रतिनिधियों व आमजन में बीच रोष उत्पन्न हैं। इन सब हालात को देखते हुए चौरासी विधायक राजकुमार रोत ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को अवगत कराया कि जिले में यदि ऐसा ही चलता रहा तो चिकित्सा सुविधाओं में कभी सुधार नही आने वाला और भ्रष्टाचार व फर्जीवाड़ा ऐसे ही चलता रहेगा।
हमेशा संदेह के घेरे में रहने वाले मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी राजेश शर्मा द्वारा 21 प्रसुताओं के घर पर डिलीवरी होने के बाद भी उन्हें संस्थागत प्रसव कराने जैसे आरोप भी लग चुके है। विधायक राजकुमार रोत ने जिले के इस गंभीर मुद्दे को अपने पत्र के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री महोदय के समक्ष रखा और बतलाया कि इस क्षेत्र में ऐसे अधिकारी को बार-बार लगाना जिसको एसीबी व अन्य कारणों के चलते हटाया जा चुका है। यह सब सरकार की कार्यप्रणाली को शक के घेरे में डालती है। विधायक महोदय के द्वारा यह भी मांग रखी गई कि इस क्षेत्र में यही के किसी अन्य अधिकारी को उक्त पड़ पर लगाया जावे ताकि जिला चिकित्सालय व चिकित्सा सुविधाओं में चल रहे फर्जीवाड़ा व भ्रष्टाचार पर लगाम लगे।
------------
0 टिप्पणियाँ